बस्ती मंडल न्यूज डेस्क | अम्बेडकरनगर अम्बेडकरनगर में हुई मूसलाधार बारिश ने नगर पालिका प्रशासन के उन तमाम दावों की हवा निकाल दी है, जिनमें जल निकासी के पुख्ता इंतजाम होने की बात कही गई थी। पहली बड़ी बारिश के बाद ही शहर की मुख्य सड़कें और गलियां जलमग्न हो गईं, जिससे स्थानीय निवासियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

प्रमुख इलाकों में 'टापू' जैसे हालात शहर के शहजादपुर, बस स्टेशन, उसरांव गली, फ्लाईओवर के नीचे, पटेल नगर और फैजाबाद रोड जैसे व्यस्ततम इलाकों में स्थिति सबसे खराब रही। यहाँ सड़कों पर घुटनों तक पानी भर गया।

  • प्रभावित जनजीवन: दफ्तर जाने वाले कर्मचारी, स्कूली बच्चे और बाजार आने वाले लोग घंटों जाम और जलभराव में फंसे रहे।
  • वाहनों की रफ्तार थमी: कई दोपहिया वाहन पानी भरने के कारण बीच सड़क पर ही बंद हो गए, जिससे वाहन चालकों को धक्का लगाकर गाड़ियां निकालनी पड़ीं।

नालियों की सफाई न होने से बढ़ा आक्रोश स्थानीय निवासियों का सीधा आरोप है कि नगर पालिका ने समय रहते नालियों की सफाई नहीं कराई। नालियां चोक होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर फैल गया और कई मोहल्लों में गंदा पानी लोगों के घरों के भीतर तक घुस गया। लोगों का कहना है कि हर साल कागजों पर सफाई के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन धरातल पर स्थिति जस की तस बनी हुई है।

नगर पालिका के दावों पर सवाल हर साल बारिश से पहले जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए बजट खर्च किया जाता है, लेकिन इस बार की बारिश ने प्रशासनिक तैयारियों की जमीनी हकीकत उजागर कर दी है। अब देखना यह होगा कि इस समस्या से नाराज जनता को राहत देने के लिए जिम्मेदार अधिकारी क्या ठोस कदम उठाते हैं।